पाली, 25 अगस्त। श्री मरूधर केसरी मित्र मंडल द्वारा गुरु द्वय जन्मजयंती के उपलक्ष्य में आयोजित सप्त दिवसीय कार्यक्रम के छठे दिवस को तप, त्याग, सेवा, गौ माता पूजन एवं गुणगान दिवस के रूप में मनाया गया। कार्यक्रम आचार्य श्री रघुनाथ स्मृति जैन भवन में संघ के सानिध्य में आयोजित हुआ। इस अवसर पर मरुधरा भूषण पूज्य प्रवर्तक श्री सुकनमुनि जी म.सा., उप प्रवर्तक श्री अमृतमुनि जी म.सा., युवा प्रणेता श्री महेश मुनि जी म.सा., श्री अखिलेश मुनि जी म.सा., डॉ. श्री वरुण मुनि जी म.सा. तथा महासती श्री उमरावकंवर जी एवं डॉ. प्रीतिसुधा जी का सानिध्य रहा।

प्रवचन में साध्वी डॉ. प्रीतिसुधा जी ने कहा कि बात करने में सभी भागीदार बनते हैं, लेकिन पाप का फल प्रत्येक व्यक्ति को स्वयं ही भोगना पड़ता है। इसलिए जीवन में धर्म का आचरण करें और धर्म का लाभ उठाएं।
डॉ. वरुण मुनि जी ने मरुधर केसरी मिश्रीमल जी महाराज के जीवन प्रसंगों का उल्लेख करते हुए बताया कि उन्होंने बैराग्य से लेकर दीक्षा तक गुरु बुद्धिमल जी की छत्रछाया में कठिन तप एवं ज्ञान साधना की। सोजत सिटी पहुंचने के बाद आखातीज के अवसर पर दीक्षा लेने का निर्णय हुआ। प्रारंभ में पिता की ओर से अड़चनें आईं, लेकिन अंततः उन्होंने गुरु से क्षमा मांगकर दीक्षा की अनुमति प्रदान की।

दीक्षा के बाद उन्होंने गुरु की सेवा को अपना जीवन समर्पित कर दिया। कुटवाड़ा गांव में गुरुदेव के संथारा लेने के बाद वे काफी समय तक उदास रहे। बाद में बिहार करते हुए बगड़ी नगर पहुंचे। एक रात रंगीन रोशनी के बीच उन्हें गुरुदेव की आवाज सुनाई दी—“मेरा शरीर गया है, आत्मा तुम्हारे साथ है। जागो और धर्म की राह पर आगे बढ़ो।” इस प्रेरणा के बाद उनका धर्म के प्रति धैर्य और समर्पण और मजबूत हुआ। उन्होंने करीब दस वर्षों तक ज्ञान का प्रचार करते हुए जिनवाणी का श्रवण कराया और जिन शासन में अपना नाम अमर किया।
मित्र मंडल के मंत्री सज्जनराज गुलेच्छा ने बताया कि छठे दिवस के अवसर पर केशव नगर में गौ माता का पूजन-अर्चन कर लापसी का भोग लगाया गया। इसके लाभार्थी परिवार शरबतचंद, राजेन्द्र, सचिन, रक्षित एवं मयंक पगारिया परिवार रहे। मंडल परिवार की ओर से अपनाघर, नेत्रहीन एवं कुष्ठ रोगी सेवा संस्थान तथा महावीर सेवा समिति में मीठा भोजन कराया गया।

कार्यक्रम में करीब 200 श्रावक-श्राविकाओं ने तीन-तीन सामायिक की। सामायिक प्रभावना के लाभार्थी मानमल एवं मनीष कुमार बाफना परिवार रहे। प्रवचन प्रभावना के लाभार्थी नेमीचंद, देवेन्द्र कुमार, दर्शन एवं भावित चौपड़ा परिवार रहे।
आज जन्मजयंती का मुख्य कार्यक्रम
गुरु द्वय जन्मजयंती के मुख्य कार्यक्रम के अवसर पर 26 अगस्त को प्रातः 9:15 बजे श्री मरूधर केसरी स्वाध्याय भवन, महावीर नगर में “एक सामायिक गुरु मिश्री के नाम” विशेष आयोजन रखा गया है। सामायिक गणवेश में करने वाले श्रद्धालुओं को ही प्रभावना प्रदान की जाएगी।
वहीं रात्रि 8 बजे अणु अणुव्रत नगर में भजन संध्या का आयोजन होगा। इसमें इंदौर के लवेश बुरड़ एवं पार्टी के कलाकार गुरुदेव की भक्ति के भजन प्रस्तुत करेंगे। कार्यक्रम के लाभार्थी नौरतन मल, फतेहराज, पुनीत कुमार, कुणाल, आदित्य, सौरभ, ग्रंथ, विहान, लव्यम, निहान एवं समस्त वेद मुथा परिवार रहेंगे।
कार्यक्रम में संघ अध्यक्ष पदम ललवानी, मंत्री प्रकाश कटारिया, मंडल अध्यक्ष नेमीचंद चौपड़ा, धनपत चौपड़ा, नरेन्द्र पंच, मांगीलाल संचेती, लखपतराज सिंघवी, पारसमल चौपड़ा, निहालचंद पालरेचा, देवीचंद सालेचा, प्रकाश भरकतिया, सोमचंद नाहटा, पुनीत मुथा, नेमीचंद छाजेड़, दिलीप कटारिया, पारसमल मुथा सहित अनेक श्रद्धालुओं का सहयोग रहा।
